100 प्रतिशत पात्र बालिकाओं को फॉर्म भरवाकर कन्या सुमंगला योजना से किया जाए लाभान्वित: जिलाधिकारी
January 18, 2020 • Mr Arun Mishra

फर्रुखाबाद (का ० उ ० सम्पादन)। जिलाधिकारी मानवेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के सम्बन्ध में कलेक्ट्रेट सभागार में एक बैठक आहूत की गई। जिलाधिकारी ने बैठक में उपस्थित समस्त अधिकारियों एवं प्रधानाचार्यों को निर्देशित करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के अंतर्गत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी की मंशा के अनुसार 100 प्रतिशत पात्र बालिकाओं के फॉर्म भरवाकर लाभान्वित किया जाए। जिलाधिकारी ने मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देशित करते हुए कहा कि समस्त सरकारी अस्पतालों में प्रसव के दौरान बालिका का जन्म होने पर उक्त योजना के अंतर्गत आवेदन कराना अवश्य सुनिश्चित किया जाए। समस्त खंड शिक्षा अधिकारी को कक्षा 1 एवं कक्षा 6 नामांकन फॉर्म में मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना कॉलम अवश्य रूप से बढ़ाने के निर्देश दिए।  मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना अंतर्गत 100 प्रतिशत प्राप्त बालिकाओं को लाभान्वित करने के निर्देश दिए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के अंतर्गत 19000 के सापेक्ष 9387 फॉर्म ऑनलाइन कराए जा चुके हैं। उन्होंने बताया कि लाभार्थी का परिवार उत्तर प्रदेश का निवासी हो तथा उसके पास स्थायी निवास प्रमाण पत्र हो, जिसमें राशन कार्ड, आधार कार्ड, वोटर कार्ड, विद्युत् बिल, टेलीफोन का बिल मान्य होगा। लाभार्थी की पारिवारिक वार्षिक आय अधिकतम रु 3 लाख हो। योजना अंतर्गत किसी परिवार की अधिकतम 2 ही बेटियों को योजना का लाभ मिल सकता है, तीसरी  योजना का लाभ नहीं मिलेगा। किसी महिला को द्वितीय प्रसव से जुड़वा बच्चे होने पर तीसरी संतान के रूप में लड़की होने पर भी लाभ अनुमन्य होगा। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना कुल 6 श्रेणियों में विभिन्न स्तर पर लाभार्थी के खाते में धनराशि वितरित की जाती है। प्रथम श्रेणी बालिका के जन्म होने पर रु 2000 एक मुश्त, द्वितीय श्रेणी बालिका के 1 वर्ष तक के पूर्ण टीकाकरण के उपरान्त रु 1000 एक मुश्त, तृतीय श्रेणी कक्षा प्रथम में बालिका के प्रवेश के उपरान्त रु 2000 एक मुश्त, चतुर्थ श्रेणी कक्षा 6 में बालिका के प्रवेश के उपरान्त रु 2000 एक मुश्त, पंचम श्रेणी कक्षा 9 में बालिका के प्रवेश के उपरान्त रु 3000 एक मुश्त एवं षष्टम श्रेणी ऐसी बालिकाएं जिन्होंने कक्षा 12वीं उत्तीर्ण करके स्नातक डिग्री य कम से कम 2 वर्षीय डिप्लोमा कोर्स में प्रवेश लिया है पर रु 5000 एक मुश्त की किश्त अनुमन्य है।