मनरेगा के अंतर्गत रु 862.23 लाख के कार्य यूपी के 21 जिलों में चिन्हित किए गए
June 26, 2020 • Mr Arun Mishra

> रेल मंत्रालय ने  6 राज्यों के  116 जिलों में लागू गरीब कल्याण रोज़गार अभियान की प्रगति की समीक्षा की। 

प्रयागराज (मुख्य संवाददाता, उ म रे)। 20 जून को मा प्रधानमंत्री द्वारा उद्घाटित गरीब कल्याण रोज़गार अभियान छह राज्यों यानी उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश, उड़ीसा और झारखंड के 116 चिन्हित जिलों में चल रहा है। रेल मंत्रालय ने 24 जून 2020 को वीडियो कॉन्फ्रेंस मीटिंग के माध्यम से जोनल रेलवे और रेलवे सार्वजनिक उपक्रमों के साथ गरीब कल्याण रोज़गार अभियान के प्रगति की समीक्षा की थी। इस विषय पर अध्यक्ष रेलवे बोर्ड विनोद कुमार यादव ने ज़ोनल रेलों के महाप्रबंधकों, मण्डल रेल प्रबंधकों और पीएसयू के प्रबंध निदेशकों के साथ समीक्षा बैठक की। महाप्रबंधक उत्तर मध्य एवं उत्तर रेलवे राजीव चौधरी ने भी वीडियो लिंक के माध्यम से इस बैठक में भाग लिया। गौरतलब है कि मा प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने 20 जून 2020 को बड़े पैमाने पर रोजगार और ग्रामीण लोक निर्माण अभियान प्रारंभ किया है  जिसका नाम गरीब कल्याण रोज़गार अभियान है, जो विनाशकारी कोविड-19 महामारी से प्रभावित प्रवासी श्रमिकों को  बड़ी संख्या में गांवों में आजीविका के अवसर प्रदान करेगी। अपने अधिकार क्षेत्र में चल रहे विभिन्न बुनियादी ढांचे और अन्य कार्यों में मजदूरों को संविदा के माध्यम से काम का अवसर प्रदान करने के अलावा, उत्तर मध्य रेलवे ने ऐसे भी कार्यों की पहचान की है जो मनरेगा के माध्यम से निष्पादित किए जा सकते हैं।

यह कार्य

(i) लेवल क्रॉसिंग के लिए एप्रोच सड़कों के निर्माण 

(ii) ट्रैक के किनारे नहर और नालों का विकास और सफाई

(iii) रेलवे स्टेशनों के लिए एप्रोच रोड का निर्माण और रखरखाव

(iv) ) मौजूदा रेलवे तटबंधों / कटिंगों की मरम्मत और चौड़ीकरण

(v) रेलवे की भूमि की सीमा पर वृक्षारोपण करना

(vi) मौजूदा तटबंधों / कटिंग/ पुलों के पास संरक्षण

      उपरोक्त श्रेणियों में, उत्तर मध्य रेलवे ने 4,31,115 मानव दिवसों के बराबर कार्य अवसर प्रदान करने की क्षमता वाले मनरेगा योजना के तहत निष्पादन के लिए प्रस्तावित 862.23 लाख के 74  कार्यों की पहचान की है। कुल चिन्हित कार्यों में से 05 पहले ही मंजूर हो चुके हैं और काम जल्दी शुरू होने की संभावना है और 69 को इस योजना के तहत मंजूरी के लिए भेजा जा  रहा है। मनरेगा के माध्यम से निष्पादन के लिए ये चिन्हित कार्य उत्तर प्रदेश के 21 जिलों, मध्य प्रदेश के 04 जिलों और राजस्थान के 01 जिलों में फैले हुए हैं।