मशीनों की सहायता से और प्रभावपूर्ण बनाया जाना चाहिए संरक्षित ट्रेन परिचालन : महाप्रबंधक, उ रे / उ म रे
July 15, 2020 • Mr Arun Mishra

महाप्रबंधक ने कहा ... ट्रेन पासिंग स्टाफ की आंखें और कान संरक्षित ट्रेन परिचालन के लिए हैं महत्वपूर्ण, मशीनों की सहायता से और प्रभावपूर्ण बनाया जाना चाहिए संरक्षित ट्रेन परिचालन।

> महाप्रबंधक उत्तर मध्य और उत्तर रेलवे श्री राजीव चौधरी ने उत्तर मध्य रेलवे में संरक्षा और अन्य महत्वपूर्ण विषयों की समीक्षा की।

> एचएएचडब्लू, डब्लूआईएलडी, ओएमआरएस, एचपीडीएस, सीसीटीवी जैसे विभिन्न उपकरण उत्तर मध्य रेलवे में विभिन्न स्थानों पर स्थापित किए हैं।

> ट्रेनों की बढ़ती गति और लेवल क्रासिंग गेटों का आरओबी / आरयूबी में परिवर्तन के कारण गेटमैनों की कमी के दृष्टिगत अत्यधिक महत्वपूर्ण है इन उपकरणों का इस्तेमाल।

> वर्तमान सीमित ट्रेन परिचालन अवधि के दौरान स्टेशन और ब्लॉक खंड के बीच थ्रूपुट असंतुलन को हटाने से यात्री गाड़ियों की बेहतर समय पालनता बनाए रखने में काफी सहायता मिलेगी।

प्रयागराज (मुख्य संवाददाता, उ म रे)। महाप्रबंधक राजीव चौधरी ने उत्तर मध्य रेलवे मुख्यालय के सभी प्रमुख विभागाध्यक्षों और प्रयागराज, झांसी और आगरा मंडल के मण्डल रेल प्रबंधकों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से संरक्षा, आधारभूत संरचना के विकास, समय पालनता और अन्य महत्वपूर्ण बिंदुओं की स्थिति की समीक्षा की। सर्वप्रथम ट्रेन परिचालन में संरक्षा पर चर्चा की गई। महाप्रबंधक महोदय ने बल देते हुये कहा कि ट्रेन पासिंग स्टाफ के रूप में ट्रैक के किनारे उपलब्ध सतर्क रेलवे कर्मियों की आंखें और कान संरक्षित ट्रेन परिचालन के लिए महत्वपूर्ण हैं, तथापि उनके प्रयासों को मशीनों की सहायता से और प्रभावपूर्ण बनाया जाना चाहिए। उत्तर मध्य रेलगाड़ियों की स्वचालित तरीके से निगरानी के क्षेत्र में अग्रणी रेलवे है और प्रयागराज और अन्य मण्डलों में परिचालन के दौरान निगरानी के लिए कई उन्नत प्रणाली स्थापित की गई हैं। परिचालन के दौरान हॉट एक्सल और ब्रेक बाइंडिंग की पहचान के लिए हॉट एक्सल एवं हॉट व्हील डिटेक्टर एचएएचडब्लू,  फ्लैट व्हील या पहिये को गोलाई सम्बंधी त्रुटियों की पहचान के लिए व्हील इम्पैक्ट लोड डिटेक्टर डब्लूआईएलडी, ऑनलाइन रोलिंग स्टॉक मॉनिटरिंग सिस्टम ओएमआरएस जो एचएएचडब्लू और डब्लूआईएलडी का एक संयोजन है, रनिंग ट्रेन में हैंगिंग पार्ट की पहचान के लिए हैंगिंग पार्ट डिटेक्शन सिस्टम एचपीडीएस, ट्रेन की दृश्य परीक्षा के लिए रोलिंग पॉइंट में सीसीटीवी आदि जैसे विभिन्न उपकरण उत्तर मध्य रेलवे में विभिन्न स्थानों पर स्थापित किए गए हैं। प्रत्येक उपकरण में दोष पहचान की अलग क्षमता होने की वजह से यह अत्यंत महत्वपूर्ण है कि उत्तर मध्य रेलवे के पूरे क्षेत्र में सभी दोषों को कवर करने के लिए इन उपकरणों का एक उचित मिश्रण की स्थापना की जानी चाहिये। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान महाप्रबंधक राजीव चौधरी ने यांत्रिक, ट्रैफिक और संरक्षा विभागों को प्रत्येक स्वचालित प्रणाली के लिए आवश्यकता की व्यापक समीक्षा करने और प्राथमिकता के आधार पर अतिरिक्त सिस्टम की मंजूरी अथवा स्थापना की प्रक्रिया करने के निर्देश दिये। यह विशेष रूप से ट्रेनों की बढ़ती गति और लेवल क्रासिंग गेटों का आरओबी / आरयूबी में परिवर्तन के कारण गेटमैनों की कमी के कारण अत्यधिक महत्वपूर्ण है। उत्तर मध्य रेलवे ने जुलाई -2020 में 98% से अधिक की उत्कृष्ट समय पालनता बनाए रखी है और कई अवसरों पर 100% समय पालनता भी हासिल की है। समय पालनता की समीक्षा करते हुए, महाप्रबंधक, श्री चौधरी ने कहा की कि स्टेशन से स्टेशन की समय पालनता की निगरानी की सहायता से बगल के ब्लाक ख्ण्डों के सापेक्ष में प्रमुख स्टेशनों की ट्रेन परिचालन की क्षमता की पहचान करने में सहायता मिलेगी। जिसके द्वारा स्टेशनों अथवा ब्लाक खण्डों के लिये वांछित कार्यों  को बेहतर तरीके से नियोजित किया जा सकता है। वर्तमान सीमित ट्रेन परिचालन अवधि के दौरान स्टेशन और ब्लॉक खंड के बीच थ्रूपुट असंतुलन को हटाने से यात्री ट्रेन के सामान्य संचालन के दौरान भी यात्री गाड़ियों की बेहतर समय पालनता बनाए रखने में काफी सहायता मिलेगी। ट्रेन परिचालन, यात्री सुविधाओं आदि से संबंधित आधारभूत संरचना के विकास कार्यों पर भी चर्चा की गई। माल लदान को प्रोत्साहन देने के लिए उत्तर मध्य रेलवे अपने क्षेत्र में गुड्स शेडों के लिए महत्वपूर्ण निवेश कर रहा है। इस पहल के अंतर्गत अगले 15 दिनों के भीतर पूरे होने वाले कार्यों के लिये तत्काल कार्य और अगले तीन महीनों की समयावधि के लिये बड़े कार्यों को करने के लिये उत्तर मध्य रेलवे के महत्वपूर्ण गुड्स शेडों की पहचान की गई है। मानव संसाधन के मोर्चे पर, महाप्रबंधक ने अनुकंपा नियुक्ति के मामलों को समय पर निस्तारित करने के लिए कार्मिक शाखा को निर्देशित किया ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि मृत रेल कर्मचारी के पात्र परिवारजनों के सभी लाभों को समय पर प्रदान किया जाए।