मुख्यमंत्री ने जनपद शामली तथा बरेली में डेडिकेटेड कोविड चिकित्सालय 16 अगस्त तक क्रियाशील करने के निर्देश दिए
August 10, 2020 • Mr Arun Mishra

> मुख्यमंत्री ने जनपद सहारनपुर में एल 3 अस्पताल को क्रियाशील करने के निर्देश दिए।

> मुख्यमंत्री ने जनपद पीलीभीत व आजमगढ़ की गौशालाओं में सभी आवश्यक इन्तजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

> एम्बुलेंस सेवा तत्परता हेतु कमाण्ड एण्ड कन्ट्रोल सेन्टर्स को प्रभावी बनाया जाए : मुख्यमंत्री 

> जिला अस्पतालों में आईसीयू के बेड्स बढ़ाने की प्रक्रिया तत्काल शुरू करें : मुख्यमंत्री 

> बाढ़ व जलमग्न क्षेत्रों में प्रभावित लोगों को समय से राहत पहुंचायी जाए : मुख्यमंत्री

 

मुख्यमंत्री के चिकित्सा शिक्षा विभाग को निर्देश -

प्रदेश के सभी मेडिकल कॉलेज में आईसीयू के बेड्स की संख्या दोगुनी कर ली जाए।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी 9 अगस्त 2020 को अपने सरकारी आवास पर आहूत एक उच्च स्तरीय बैठक में अनलॉक व्यवस्था की समीक्षा करते हुए।  (फोटो : मुख्यमंत्री सूचना परिसर)

लखनऊ (सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने कहा है कि कोरोना बचाव के प्रति अग्रिम रणनीति बनाकर कोविड-19 पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 संक्रमण के सम्बन्ध में लखनऊ, कानपुर नगर, प्रयागराज, बरेली, गोरखपुर, झांसी, वाराणसी में विशेष सतर्कता बरती जाए। कोविड-19 संक्रमण के सम्बन्ध में ज्यादा से ज्यादा टेस्ट किए जाएं। उन्होंने कहा कि प्रदेश के प्रत्येक जनपद में एल-2 तथा एल-3 के कोविड बेड्स की संख्या बढ़ाई जाए। मुख्यमंत्री योगी रविवार 9 अगस्त 2020 को अपने सरकारी आवास पर आहूत एक उच्च स्तरीय बैठक में अनलॉक व्यवस्था की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि कोविड अस्पतालों में भर्ती मरीजों की स्थिति की मॉनिटरिंग के लिए सीनियर डॉक्टर लगातार राउण्ड पर रहें। इसके अलावा कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग प्रभावी ढंग से सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि सहारनपुर में एल-3 स्तर का अस्पताल शीघ्र बनाया जाए। जनपद शामली तथा बरेली में डेडिकेटेड कोविड चिकित्सालय 16 अगस्त तक क्रियाशील हो जाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना से प्रभावित लोगों को अस्पताल पहुंचाने के लिए फौरन एम्बुलेंस उपलब्ध हो, इसके लिए कमाण्ड एण्ड कन्ट्रोल सेन्टर्स को प्रभावी बनाया जाए। उन्होंने कहा कि कन्ट्रोल सेन्टर्स के प्रभावी होने पर मरीज को समय पर इलाज उपलब्ध हो सकेगा। उन्होंने कहा कि अस्पतालों की व्यवस्थाओं और सुविधाओं को त्वरित और बेहतर बनाया जाए। बैठक में मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया गया कि अब तक प्रदेश में 31 लाख 18 हजार 567 कोविड-19 के टेस्ट किए जा चुके हैं। उन्हें यह भी अवगत कराया गया कि शनिवार व रविवार के स्वच्छता व सेनिटाइजेशन के कार्य सफलता पूर्वक सम्पन्न कराए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने चिकित्सा शिक्षा विभाग को निर्देशित किया है कि प्रदेश के सभी मेडिकल कॉलेज में आईसीयू के बेड्स की संख्या दोगुनी कर ली जाए। इसी तरह स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया कि वे अपने सभी जिला अस्पतालों में आईसीयू के बेड्स बढ़ाने की प्रक्रिया तत्काल शुरू करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि बाढ़ व जलमग्न क्षेत्रों में प्रभावित लोगों को समय से राहत पहुंचायी जाए। साथ ही, इन स्थानों पर नाव व सुरक्षा आदि की दृष्टि से पुख्ता इन्तजाम किए जाएं। उन्होंने निर्देश दिए कि जनपद पीलीभीत व आजमगढ़ की गौशालाओं में सभी आवश्यक इन्तजाम सुनिश्चित किए जाएं तथा हरे चारे की व्यवस्था की जाए। इस अवसर पर चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुरेश खन्ना, स्वास्थ्य राज्य मंत्री अतुल गर्ग, मुख्य सचिव राजेन्द्र कुमार तिवारी, कृषि उत्पादन आयुक्त आलोक सिन्हा, अपर मुख्य सचिव वित्त संजीव मित्तल, अपर मुख्य सचिव राजस्व रेणुका कुमार, अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री एस पी गोयल, पुलिस महानिदेशक हितेश अवस्थी, अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद, अपर मुख्य सचिव चिकित्सा शिक्षा डॉ रजनीश दुबे, अपर मुख्य सचिव ग्राम्य विकास तथा पंचायतीराज मनोज कुमार सिंह, अपर मुख्य सचिव एमएसएमई नवनीत सहगल, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री संजय प्रसाद, प्रमुख सचिव पशुपालन भुवनेश कुमार, सचिव मुख्यमंत्री आलोक कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।