मुख्यमंत्री ने मेरठ तथा बागपत में शराब पीने से हुई जनहानि की घटना में दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिये
September 13, 2020 • Mr Arun Mishra

अपनी पूरी क्षमता का उपयोग कोविड-19 के मरीजों के उपचार के लिए करें लखनऊ के कोविड अस्पाताल : मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री के टीम 11 को निर्देश :

> पुलिस पेट्रोलिंग को बढ़ाया जाए।

> स्वास्थ्य मंत्रालय, भारत सरकार की ऑनलाइन ओ पी डी सेवा ई-संजीवनी का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए।

> आयोजित की जाने वाली नीट परीक्षा के लिए सभी आवश्यक प्रबन्ध किये जाएं।

> गौ-आश्रय स्थलों का नियमित तौर पर निरीक्षण हो।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी 12 सितम्बर 2020 को अपने सरकारी आवास पर आहूत एक उच्च स्तरीय बैठक में अनलॉक व्यवस्था की समीक्षा करते हुए। (फोटो : मुख्यमंत्री सूचना परिसर)

लखनऊ (सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने डोर-टू-डोर सर्वे कार्य को गुणवत्तापूर्ण ढंग से संचालित करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने कहा कि इस कार्य में आवश्यकतानुसार अतिरिक्त टीमें लगाई जाएं। कोविड-19 के नियंत्रण में कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग और मेडिकल टेस्टिंग की महत्वपूर्ण भूमिका पर बल देते हुए उन्होंने ट्रेसिंग और टेस्टिंग के कार्यों में और तेजी लाने के निर्देश दिये हैं। मुख्यमंत्री योगी शनिवार 12 सितम्बर 2020 को अपने सरकारी आवास पर आहूत एक उच्च स्तरीय बैठक में अनलॉक व्यवस्था की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि कोविड अस्पतालों में वेंटीलेटर सहित सभी मेडिकल उपकरण क्रियाशील रहने चाहिए। चिकित्सालयों में ऑक्सीजन का 48 घण्टे का बैकअप अनिवार्य रूप से उपलब्ध रहना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड-19 के दृष्टिगत जनपद लखनऊ पर विशेष ध्यान दिये जाने की आवश्यकता है। उन्होंने लखनऊ के सभी कोविड बेड्स को सक्रिय रखने के निर्देश देते हुए कहा कि केजीएमयू, एसजीपीजीआई तथा आरएमएलआईएमएस अपनी पूरी क्षमता का उपयोग कोविड-19 के मरीजों के उपचार के लिए करें। लखनऊ के प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों में संचालित कोविड अस्पतालों की व्यवस्थाएं चुस्त-दुरुस्त एवं मानकों के अनुरूप होनी चाहिए। उन्होंने पुलिस पेट्रोलिंग को बढ़ाने के निर्देश भी दिये हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्रालय, भारत सरकार की ऑनलाइन ओपीडी सेवा ई-संजीवनी अत्यन्त उपयोगी सिद्ध हो रही है। बड़ी संख्या में मरीजों ने मोबाइल एप के माध्यम से इस सुविधा का लाभ प्राप्त किया है। उन्होंने निर्देश दिए कि ई-संजीवनी सेवा का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इस ऑनलाइन ओपीडी सेवा का लाभ प्राप्त कर सकें। मुख्यमंत्री जी ने निर्देश दिये कि प्रदेश में आयोजित की जाने वाली नीट परीक्षा के लिए सभी आवश्यक प्रबन्ध किये जाएं। यह सुनिश्चित किया जाए कि अभ्यर्थियों को कोई दिक्कत न हो। उन्होंने मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारियों को अपने-अपने जनपद के गौ-आश्रय स्थलों का नियमित तौर पर निरीक्षण करने के निर्देश भी दिये। मुख्यमंत्री जी ने जनपद मेरठ तथा बागपत में शराब पीने से हुई जनहानि की घटना में आबकारी विभाग तथा पुलिस को दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर दोषियों के खिलाफ एनएसए के तहत भी कार्रवाई की जाए। इस अवसर पर चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुरेश खन्ना, मुख्य सचिव  आर के तिवारी, अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त  आलोक टण्डन, अपर मुख्य सचिव वित्त संजीव मित्तल, अपर मुख्य सचिव गृह एवं सूचना अवनीश कुमार अवस्थी, पुलिस महानिदेशक हितेश अवस्थी, अपर मुख्य सचिव राजस्व रेणुका कुमार, अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद, अपर मुख्य सचिव चिकित्सा शिक्षा डॉ रजनीश दुबे, अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री एस पी गोयल, अपर मुख्य सचिव एमएसएमई नवनीत सहगल, अपर मुख्य सचिव पंचायती राज एवं ग्राम्य विकास मनोज कुमार सिंह, अपर मुख्य सचिव कृषि देवेश चतुर्वेदी, अपर मुख्य सचिव आबकारी संजय आर भूसरेड्डी, प्रमुख सचिव पशुपालन भुवनेश कुमार, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री संजय प्रसाद, सचिव मुख्यमंत्री आलोक कुमार, सूचना निदेशक शिशिर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।