परीक्षा केन्द्रों पर रखे समस्त प्रश्न पत्रों की सील का औचक निरीक्षण किया जाए: मुख्य सचिव, उ प्र
February 28, 2020 • Mr Arun Mishra
卐 मुख्य सचिव ने वीडियो कान्फ्रेन्सिंग के माध्यम से समस्त जिलाधिकारियों को दिये निर्देश।
卐 प्रश्न-पत्र लीक होने सम्बन्धी अफवाह फैलाने वालों के विरुद्ध तत्काल दण्डात्मक कार्यवाही सुनिश्चित की जाए: मुख्य सचिव, उ प्र 
卐 पेपर लीक अथवा नकल की शिकायत प्राप्त होने पर संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध तत्काल एफआईआर हो: मुख्य सचिव, उ प्र  
卐 अति संवेदनशील व संवेदनशील केन्द्रों की पुलिस विभाग द्वारा विशेष निगरानी रखी जाए: मुख्य सचिव, उ प्र 
लखनऊ, 27 फरवरी, 2020 उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव राजेन्द्र कुमार तिवारी ने निर्देश दिये हैं कि यूपी बोर्ड की हाईस्कूल एवं इण्टरमीडिएट परीक्षाओं की शुचिता, पवित्रता, पारदर्शिता, विश्वसनीयता बनाए रखने के सभी आवश्यक कदम उठाये जाएं। उन्होंने कहा कि नकलविहीन परीक्षा कराने में किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए। किसी भी परीक्षा केन्द्र पर नकल पाए जाने पर सम्बन्धित अधिकारी की जिम्मेदारी नियत कर कड़ी कार्यवाही की जाएगी। प्रश्न-पत्र लीक होने सम्बन्धी अफवाह फैलाने वालों के विरुद्ध तत्काल दण्डात्मक कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। यह भी कहा कि परीक्षा केन्द्रों पर धारा-144 के अन्तर्गत परीक्षा प्रारम्भ होने के 1 घंटे के पूर्व से लेकर परीक्षा समाप्ति के आधे घंटे बाद तक मोबाइल फोन पूर्णतया प्रतिबन्धित किया जाए। मुख्य सचिव ने ये निर्देश गुरूवार को अपने कार्यालय कक्ष से वीडियो काॅन्फ्रेन्सिंग के माध्यम से समस्त जिलाधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा कि समस्त केन्द्रों पर रखे समस्त प्रश्न पत्रों की सील का औचक निरीक्षण किया जाए। स्ट्रांग रूम अथवा प्रश्न-पत्र की अलमारी की पेपर सील पर स्टैटिक मैजिस्ट्रेट केन्द्र व्यवस्थापक एवं अतिरिक्त/वाह्य केन्द्र व्यवस्थापक तीनों के हस्ताक्षर हों और वह अलमारी जब-जब खोली जाए उसका विवरण रजिस्टर पर अंकित कर तीनों अधिकारियों द्वारा हस्ताक्षर किया जाए। समस्त स्टैटिक मजिस्ट्रेट परीक्षा केन्द्रों पर 1 घंटा पहले पहुँचकर अलमारी में रखें प्रश्न-पत्रों की सील चेक कर अपनी उपस्थिति में खुलवाएं। राजेन्द्र तिवारी ने कहा कि जनपद में जहाँ-जहाँ परीक्षा के केन्द्रों पर परीक्षा के प्रश्न-पत्र रखे हुए हैं, उन स्थानों पर पर्याप्त पुलिस की व्यवस्था की जाए। परीक्षा के दिन प्रातः एवं सायं दोनों मीटिंग में पुलिस पेट्रोलिंग की जाए। अति संवेदनशील व संवेदनशील केन्द्रों की पुलिस विभाग द्वारा भी विशेष निगरानी रखी जाए। समस्त जिलाधिकारी एवं जिला विद्यालय निरीक्षक यह भी सुनिश्चित करायें कि पेपर लीक अथवा नकल की शिकायत प्राप्त होने पर संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध तत्काल एफआईआर दर्ज हो। इस बात का भी ध्यान रखा जाए कि शांतिपूर्वक परीक्षा दे रहे किसी भी परीक्षार्थी को अनावश्यक परेशानी न हो और न ही उन्हें किसी प्रकार से भयभीत किया जाए। राजेेन्द्र कुमार तिवारी ने निर्देश दिये कि स्ट्रांग रूम अथवा जिस अलमारी में प्रश्न-पत्र रखे हों, उसकी निगरानी जिला कण्ट्रोल रूम द्वारा सुनिश्चित किया जाए कि स्ट्रांग रूम य प्रश्न-पत्र की अलमारी वाले कक्ष में सीसीटीवी/कैमरे 24 घंटे ऑन रहे। समय-समय पर समस्त केन्द्रों पर उत्तर पुस्तिकाओं का स्टाॅक वेरीफिकेशन भी कराया जाए। उन्होंने कहा कि जिला विद्यालय निरीक्षकों को यदि कोई अनियमित्ता की सूचना प्राप्त होने पर तत्काल सचिव, माध्यमिक शिक्षा परिषद के साथ-साथ प्रमुख सचिव, माध्यमिक शिक्षा को सूचित करें। प्रमुख सचिव, माध्यमिक शिक्षा श्रीमती अराधना शुक्ला ने कहा कि परीक्षा केन्द्रों के औचक निरीक्षण के दौरान वाॅयस रिकाॅर्डर युक्त सीसीटीवी कैमरा के प्रभावी रूप से कार्य करने की जाँच अवश्य की जाए। जाँच के समय यह भी देखा जाए कि स्ट्रांग रूम में लगे कैमरे की दिशा स्ट्रांग रूम व अलमारी जिसमें प्रश्न-पत्र रखे हों, की ओर हो। परीक्षा केन्द्र परिसर के अंदर मोबाइल फोन, कैलकुलेटर अथवा ऐसी कोई भी इलेक्ट्राॅनिक डिवाइस, जिसे अनुचित साधन के रूप में प्रयोग की आशंका हो, ले जाने की अनुमति कदापि न दी जाये।