उप मुख्यमंत्री ने नेपाल बाॅर्डर की परियोजनाओं के सम्बन्ध में आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिये
September 11, 2020 • Mr Arun Mishra

> यातायात की सुगमता के साथ - साथ आर्थिक विकास में भी सुगमता होगी : केशव प्रसाद मौर्य

> जनसामान्य को सुविधा देने के उद्देश्य से प्रदेश के महत्वपूर्ण मार्गोें को और अधिक विकसित करने तथा सौन्दर्यीकृत किये जाने की आवश्यकता : उप मुख्यमंत्री

> इण्डो - नेपाल बाॅर्डर योजना के तहत प्रथम फेज में कराये जा रहे अवशेष कार्याें को शीघ्रातिशीघ्र पूर्ण कराएं : उप मुख्यमंत्री

> प्रथम फेज में इस योजना में 12 पैकेज पर काम शुरू किया गया था, जिसमें 9 पैकेज पूरे हो गये हैं तथा 03 पैकेज पर अभी कार्य प्रगति पर है।

लखनऊ (सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग)। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि जिस तरह से उत्तर प्रदेश में ग्रामीण मार्गों के साथ - साथ मुख्य मार्गों, जिला मार्गों, राज्य मार्गों तथा राष्ट्रीय राजमार्गों का जाल बिछाया जा रहा है, उसी तरह प्रदेश की सीमाओं को जोड़ने वाले राज्यों के बार्डर तक बनी सड़कों को और अधिक मजबूत व सुदृढ़ किया जाए। उप मुख्यमंत्री ने कहा है कि प्रदेश में पर्यटन को बढ़ावा देने एवं जनसामान्य को सुविधा देने के उद्देश्य से प्रदेश से जुड़ने वाले अन्य प्रदेशों अथवा देश की सीमाओं तक महत्वपूर्ण मार्गोें को और अधिक विकसित करने तथा सौन्दर्यीकृत किये जाने की आवश्यकता है। इन मार्गों के विस्तार से यातायात की सुगमता के साथ - साथ आर्थिक विकास में भी सुगमता होगी। उप मुख्यमंत्री ने इण्डो - नेपाल बाॅर्डर योजना के तहत प्रथम फेज में कराये जा रहे अवशेष कार्याें को शीघ्रातिशीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश सम्बन्धित अधिकारियों को दिये हैं। लोक निर्माण विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रथम फेज में इस योजना में 12 पैकेज पर काम शुरू किया गया था, जिसमें 9 पैकेज पूरे हो गये हैं तथा 03 पैकेज पर अभी कार्य चल रहा है। नेपाल बाॅर्डर के जिलों - खीरी, श्रावस्ती के 2 - 2 पैकेज का काम पूरा हो गया है तथा पीलीभीत, बहराईच, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर व महराजगंज के 1 - 1 पैकेज का काम पूरा हो गया है। सिद्धार्थनगर की सीमा पर 2 पैकेज व महराजगंज की सीमा पर 1 पैकेज पर काम चल रहा है। इन 12 परियोजनाओं के लिये कुल 694 करोड़ रुपए का आवंटन किया गया, जिसके सापेक्ष 642 करोड़ रुपए व्यय किये जा चुके हैं। इसके अलावा भूमि अधिग्रहण हेतु 277.70 करोड़ रुपए की धनराशि गत वर्षों में प्राप्त हुयी तथा वर्ष 2020 - 21 में भूमि अधिग्रहण के लिये 38.50 करोड़ रुपए की धनराशि प्राप्त हुयी है। नेपाल बाॅर्डर पर लगभग 600 किमी0 लम्बाई में  गृह मंत्रालय भारत सरकार द्वारा मुख्य मार्ग का नवीन संरेखण स्वीकृत किया गया है तथा सशस्त्र सीमा सुरक्षा बल की चौकियों को भी आवश्यकतानुसार जोड़ने की कार्ययोजना तैयार की जा रही है। उप मुख्यमंत्री ने सशस्त्र सीमा सुरक्षा बलों की पैट्रोलिंग व सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर  नेपाल बाॅर्डर की परियोजनाओं के सम्बन्ध में सभी औपचारिकताएं पूरी करते हुए आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिये हैं।